
राष्ट्र पटल संवाद
रायबरेली। ईरान के सुप्रीम लीडर अली खामनेई की हत्या के बाद रायबरेली में विरोध प्रदर्शन किया गया। शहर कोतवाली इलाके के गुलाब रोड पर शिया धर्म गुरु समेत भारी संख्या में आम नागरिक मौजूद रहे। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने अमेरिका–इजरायल मुर्दाबाद और शिया–सुन्नी भाई-भाई जैसे नारे लगाए।
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि ईरान में उनके धर्म गुरु की शहादत को लेकर यह प्रोटेस्ट किया गया है। उनका आरोप है कि अमेरिका और इजरायल ने धोखे से कत्ल किया, जिसके विरोध में जुलूस निकालकर प्रदर्शन किया गया। यह जुलूस टाउन हॉल से जिलाधिकारी आवास तक निकाला गया।
मौलाना कम्बर अली ने कहा कि ईरान के खिलाफ मजलूमी के आलम में हमला कर अमेरिका–इजरायल ने कायरता दिखाई है। उन्होंने कहा कि हमले में उनके धर्मगुरु अली खामनेई की शहादत हुई, जिसके विरोध में लोग जुलूस की शक्ल में शहर में निकले। जुलूस में बड़ी संख्या में महिलाओं और बच्चों ने भी हिस्सा लिया।
मौलाना ने आरोप लगाया कि गाजा पर हमला किया गया और ईरान के एक स्कूल पर भी हमला कर मासूम बच्चों की जान ली गई। उन्होंने कहा कि अमेरिका का राष्ट्रपति भारत के खिलाफ भी बयानबाजी करता है। उन्होंने कहा कि हम अली वाले हैं और हमारी जिंदगी मौत मौला अली के उसूलों पर है। ज़ालिम के सामने हम कभी नहीं झुकेंगे और जुल्म का आखिर सांस तक जवाब देंगे।






