IMG-20260513-WA0298

बाल संरक्षण संबंधी योजनाओं की समीक्षा में जिलाधिकारी ने दिए स्पष्ट निर्देश

राष्ट्र पटल संवाद

इटावा। जिलाधिकारी शुभ्रान्त कुमार शुक्ल की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट स्थित सभागार में जनकल्याणकारी योजनाओं एवं बाल संरक्षण संबंधी योजनाओं की समीक्षा बैठक में विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने प्रतिभाग किया।

बैठक में मिशन वात्सल्य योजना की समीक्षा करते हुए बताया गया कि राजकीय विशेष दत्तक ग्रहण अभिकरण में वर्तमान में 03 आवासित बच्चे हैं। जिलाधिकारी ने बाल विवाह रोकथाम पर विशेष जोर देते हुए कहा कि जनपद में रोके गए बाल विवाहों की संख्या 12 है तथा संबंधित अभिभावकों के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने निर्देश दिए कि चाइल्ड हेल्पलाइन नंबर सभी प्राथमिक विद्यालयों में लिखवाया जाए ताकि बच्चों एवं अभिभावकों में जागरूकता बढ़ाई जा सके।

राजकीय सम्प्रेक्षण गृह किशोर यूनिट-1 की समीक्षा में निर्देश दिए गए कि बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए तथा कोई भी बच्चा परिसर से बाहर न जा सके। मिसिंग चाइल्ड के मामलों में वर्तमान स्थिति 02 बरामद एवं 06 लंबित बताई गई, जिस पर जिलाधिकारी ने संबंधित थानों को प्रभावी कार्रवाई के निर्देश दिए।पति की मृत्यु उपरांत निराश्रित महिला पेंशन योजना की समीक्षा में बताया गया कि गत वर्ष 2638 लाभार्थी थे जबकि वर्ष 2026-27 में अभी तक 125 लाभार्थियों को लाभ मिला है। जिलाधिकारी ने पात्र महिलाओं की संख्या बढ़ाने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना के अंतर्गत वर्ष 2025-26 में 2971 लाभार्थियों को लाभान्वित किया गया। उन्होंने आंगनबाड़ी कार्यकर्त्रियों की सहायता लेकर अधिक से अधिक पात्र बालिकाओं को योजना से जोड़ने के निर्देश दिए।

राष्ट्रीय वृद्धा पेंशन योजना के अंतर्गत वर्ष 2026-27 में 83372 लाभार्थियों को लाभान्वित किया गया। अनुसूचित जाति एवं जनजाति अत्याचार उत्पीड़न के वर्ष 2025-26 के 82 लंबित मामलों की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने संबंधित प्रकरणों को पुनः अपलोड कर शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने कहा कि सरकार इन दिव्यांग योजनाओं पर व्यापक धनराशि व्यय कर रही है, इसलिए प्रशिक्षण केंद्रों का सुचारु संचालन सुनिश्चित किया जाए।

उन्होंने मुस्लिम बालिकाओं की शिक्षा पर ध्यान देने की आवश्यकता बताते हुए कहा कि समाज में उनकी शैक्षिक स्थिति चिंताजनक है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि मुस्लिम बालिकाओं को शिक्षा एवं कौशल विकास योजनाओं से अधिक से अधिक जोड़ा जाए। ताकि इन योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंच सके।

उक्त बैठक में जिला प्रोवेशन अधिकारी विनय कुमार, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक महिला अनिल कुमार, सी0ओ0 सिटी अभय नारायण राय, जिला कार्यक्रम अधिकारी लक्ष्मीकांत त्रिपाठी, पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी प्रदीप तिवारी सहित समस्त संबंधित विभाग के अधिकारीगण उपस्थिति रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *